Day 91 | 5 Shlok Per Day | महारथियों का परिचय, विभूति-विस्तार, विराट दर्शन | हर हर गीता, हर घर गीता | जगत का सार
आज के श्लोक युद्धभूमि की तैयारी, भगवान की अनन्त विभूतियाँ, विराट रूप का दर्शन, और अर्जुन की उत्सुकता—इन सबका सुंदर प्रवाह बनाते हैं। 10.42 में भगवान कहते हैं कि सम्पूर्ण जगत को वे अपनी योगशक्ति के एक अंश से धारण करते हैं।
Description
Day 91 में हर हर गीता, हर घर गीता mission के साथ सुनिए: पाण्डव-पक्ष के महारथियों का परिचय (1.6), अर्जुन का विपक्षी योद्धाओं को देखने का संकल्प (1.22), भगवान की दिव्य विभूतियों का अनन्त विस्तार (10.40), संक्षेप में बताया गया योगशक्ति का अंश (10.42), और विराट देह में देव-ऋषि-नाग-संघों का दर्शन (11.15)। यह episode Jagat Ka Saar को strength, vision और surrender के साथ जोड़ता है।
वीडियो शुरू करने से पहले:
Channel को Subscribe कर लीजिए।
Video को Like कर दीजिए।
इसे Share कीजिए ताकि हर घर गीता का mission आगे बढ़े।
Comment में लिखिए: "मेरा श्लोक = "
और: "Jagat Ka Saar today = "
Tags
#Day91 #5ShlokPerDay #BhagavadGita #गीता #विभूति #विराटरूप #महारथी #हरहरगीता #हरघरगीता #जगतकासार #GitaInHindi
Comments
Post a Comment